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akhandjyoti अखण्ड ज्योति
3 months ago | [YT] | 1
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11 months ago | [YT] | 3
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11 months ago | [YT] | 1
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11 months ago | [YT] | 3
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11 months ago | [YT] | 2
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क्या आप सभी परिवार के सदस्य गायत्री महाविज्ञान का ऑडियो संस्करण सुनना चाहते है ?
1 year ago | [YT] | 9
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प्रिय परिवार के सदस्यों आपके दिए सुझाव के आनुसार बहुत जल्द पॉडकास्ट सीरिज शुरू की जाएगी इसके लिए आप सब का सहयोग अपेक्षित है इसलिए आप सभी हमारे whatsapp ग्रुप से जुड़े क्योकि आप सब का सहयोग अपेक्षित है
chat.whatsapp.com/Hlxqd3dbRO8FvLHjvwSYwy
1 year ago | [YT] | 58
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प्रिय अखंड ज्योति परिवार के सदस्य प्रयास कर रहा हूँ की गायत्री परिवार के सदस्यों का लाइव विडियो के माध्यम से ऑडियो पॉडकास्ट बना कर आप तक पहुचाया जाए इसके लिए आप सभी परिवार जन हमारे WHATSAPP ग्रुप में जुड़े
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1 year ago | [YT] | 11
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अखण्ड ज्योति /विचार भावनाएं #shantikunjlive #gayatripariwar #akhandjyoti #yug_rishi_युगऋषि
1 year ago | [YT] | 1
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akhandjyoti अखण्ड ज्योति
कर्म या पाखंड
कार्य को आरंभ न करने मात्र से व्यक्ति निष्कर्मावस्था काआनंद प्राप्त नहीं करता । शरीर के द्वारा निष्क्रिय हो गए, तो क्यालाभ, क्योंकि बंधन और मोक्ष का कारण तो मन है । मन कोनिष्क्रिय बनाना है । मन की निष्क्रियता है - कर्म और कर्मफल सेअनासक्त रहना ।
आलसी बनकर बैठे मत रहो । फल में अपना अधिकार हीनहीं । उद्योग करने पर भी फल प्राप्त होगा, यह निश्चित नहीं ।फल प्राप्त हो भी, तो वह प्रारब्ध से होता है, उद्योग उसका कारणनहीं, ऐसा समझकर उद्योग करना ही मत छोड़ दो । कर्म करनातुम्हारा कर्त्तव्य है, अतः तुम्हें कर्म तो करना ही चाहिए, क्योंकितुम कर्म को छोड़ नहीं सकते, कर्म करने के लिए विवश हो।
"न कश्चित्क्षणमपि जातु तिष्ठत्यकर्मकृत् । कायते ह्यावशःकर्म सर्वः प्रकृतिजैग्गुणै: ॥"
कोई उत्पन्न हुआ प्राणी एक क्षण भी बिना कर्म किए नहीं रहसकता । प्रकृति के गुणों से विवश होकर गुणों द्वारा उससे क्मकराया ही जाता है । सभी इस प्रकार प्रतिक्षण कर्म करते ही रहतेहैं । चाहे हम इंद्रियों को रोककर कर्म करने से विरत भी रखसकें, पर मन तो मानने से रहा उसकी उधेडबून तो चला हीकरेगी । फिर इस प्रकार इंद्रियों से कर्म न करना कोई अच्छा तोहै नहीं । जो मूर्खबुद्धि पुरुष करमेंद्रियों को कर्मों से रोककर मनके द्वारा विष्यों का चिंतन करता है, वह पाखंडी कहा जाता हैं।
-अखण्ड ज्योति-अगस्त-१९४0, पृष्ठ १६
1 year ago | [YT] | 52
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