Dhun Pahad Ki

-कैलाश खेर का उत्तराखंड से गहरा जुड़ाव रहा है। संघर्षों के दिनों में आध्यात्मिक नगरी ऋषिकेश ने उन्हें सहारा दिया था। पहाड़ की दिव्य और अलौकिक शक्ति उन्हें प्रेरित करती है। यही वजह है कि उत्तराखंड से जुड़कर उन्हें जब-जब कुछ गाने का अवसर मिला, तब-तब उनकी गायकी और निखरकर सामने आई। जय-जय केदारा प्रोजेक्ट के साथ भले ही विवाद भी जुडे़, लेकिन जहां तक कैलाश खेर की इस रचना का सवाल है, वह अद्भुत सी रही। कैलाश खेर को मेजर निराला फिल्म के लिए गढ़वाली में गाते देखकर सबको हैरत हुई। अब एक बार फिर उत्तराखंड से जुडे़ एक फिल्मी गीत राही ओ राही को कैलाश खेर ने स्वर दिया है। इस गाने से जुड़ी तमाम सारी बातें धुन पहाड़ की यू-ट्यूब चैनल के वीडियो में जल्द ही मिलेंगी। देखना ना भूलें।

8 months ago | [YT] | 9

Dhun Pahad Ki

09 नवंबर को उत्तराखंड राज्य का स्थापना दिवस है। राज्य निर्माण में सभी ने अपने अपने स्तर से योगदान किया है। उत्तराखंड के अनमोल रत्न नरेंद्र सिंह नेगी के उस समय के गीत लोगों की प्रेरणा बने, लेकिन वो कौन सी बात थी, जिसने नेगी दा को ये गीत रचने के लिए प्रेरित किया। धुन पहाड़ की यूट्यूब चैनल राज्य स्थापना दिवस के खास मौके पर इन सब बातों को लेकर आपके सामने होगा। इस वीडियो में नेगी दा खुद अपने मन की बात कहेंगे। देखना ना भूलें।

2 years ago | [YT] | 9